890 पुलिस पदाधिकारियों को मिलेगा विशेष प्रशिक्षण, अपराध नियंत्रण और अनुसंधान पर रहेगा फोकस
चार्जशीट, वारंट निष्पादन और डिजिटल साक्ष्य संकलन में तेजी लाने का एसएसपी का निर्देश
बेहतर कार्य करने वालों को मिलेगा सम्मान, लापरवाही पर होगी विभागीय कार्रवाई
धनबाद (झारखंड) : धनबाद पुलिस केंद्र में मंगलवार को वरीय पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) प्रभात कुमार के नेतृत्व में पुलिस पदाधिकारियों के लिए विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में सिटी एसपी रित्विक श्रीवास्तव एवं ग्रामीण एसपी एस. मोहम्मद याकूब भी मौजूद रहे। इस दौरान पुलिस अवर निरीक्षक (सब इंस्पेक्टर) स्तर के पदाधिकारियों को पुलिस कार्यप्रणाली, अनुसंधान, अपराध नियंत्रण एवं जनसंपर्क से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत मार्गदर्शन दिया गया।
एसएसपी प्रभात कुमार ने बताया कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम चरणबद्ध तरीके से आयोजित किया जा रहा है जिसके माध्यम से जिले के 329 पुलिस अवर निरीक्षक एवं 561 सहायक अवर निरीक्षकों को विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इसका उद्देश्य पुलिसिंग की गुणवत्ता में सुधार लाना, अनुसंधान को अधिक प्रभावी बनाना तथा अपराध नियंत्रण के साथ आम नागरिकों को बेहतर कानूनी सहायता उपलब्ध कराना है।
कार्यशाला के दौरान एसएसपी प्रभात कुमार ने सभी पदाधिकारियों को लंबित मामलों के त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि कांडों के उद्भेदन में तेजी लाते हुए समय पर चार्जशीट न्यायालय में समर्पित की जाए तथा अनुसंधान के दौरान इलेक्ट्रॉनिक एवं डिजिटल साक्ष्यों का अधिकतम संकलन किया जाए। इसके अलावा वारंट और कुर्की के निष्पादन में भी तेजी लाने को कहा गया।
उन्होंने निर्देश दिया कि किसी भी आपराधिक घटना की सूचना तत्काल वरीय अधिकारियों एवं कंट्रोल रूम को दी जाए। पुलिस पदाधिकारी अपने कर्तव्यों का ईमानदारी एवं जिम्मेदारी के साथ निर्वहन करें तथा क्षेत्र में लगातार भ्रमणशील रहकर पेट्रोलिंग करें। रात के समय संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान सत्यापित करने, पहचान पत्रों की जांच करने तथा देर रात बाहर रहने के कारणों की जानकारी लेने का भी निर्देश दिया गया।
एसएसपी प्रभात कुमार ने कहा कि क्षेत्र में सूचना तंत्र को मजबूत बनाना अत्यंत आवश्यक है। यदि पुलिस को समय रहते हर गतिविधि की जानकारी मिलेगी तो अपराधों की रोकथाम में अधिक सफलता मिलेगी। उन्होंने एंटी क्राइम चेकिंग अभियान, वाहन जांच एवं संदिग्ध व्यक्तियों की तलाशी को नियमित रूप से संचालित करने पर बल दिया।
थाना स्तर पर शिकायतों के त्वरित निष्पादन पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि सभी शिकायतों को गंभीरता से लिया जाए और किसी भी फरियादी को अनावश्यक परेशान न किया जाए। पुलिस पदाधिकारी असामाजिक एवं दागी तत्वों से दूरी बनाए रखें तथा आम नागरिकों के साथ मित्रवत एवं मानवीय व्यवहार कर पुलिस की सकारात्मक छवि को मजबूत करें।
एसएसपी प्रभात कुमार ने कहा कि जिस दिन उनके कार्यालय में फरियादियों की संख्या न्यूनतम हो जाएगी, उसी दिन यह माना जाएगा कि थाना स्तर पर लोगों को समय पर न्यायिक एवं कानूनी सहायता मिल रही है। उन्होंने अड्डाबाजी के विरुद्ध प्रतिदिन अभियान चलाने तथा क्षेत्र में संचालित नशे के कारोबार पर कड़ा प्रहार करने का निर्देश दिया ताकि समाज को नशे के दुष्प्रभावों से बचाया जा सके।
कार्यशाला के अंत में एसएसपी ने स्पष्ट किया कि उत्कृष्ट कार्य करने वाले पुलिस पदाधिकारियों को सम्मानित किया जाएगा, जबकि कार्य में लापरवाही बरतने वालों के विरुद्ध आवश्यक विभागीय कार्रवाई भी सुनिश्चित की जाएगी। मौके पर सिटी एसपी ऋत्विक श्रीवास्तव और ग्रामीण एसपी एस मोहम्मद याकूब ने भी पुलिस पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए आवश्यक दिशा निर्देश दिए।